श्रावस्ती के खांवा खुर्द गांव में एक होनहार बेटी ने दहेज की वजह से आत्महत्या कर ली। शादी से पहले लड़के वालों की 5 लाख रुपये की मांग से परेशान होकर उसने फांसी लगा ली। पढ़ें पूरी खबर
श्रावस्ती जिले के मल्हीपुर थाना क्षेत्र के खांवा खुर्द गांव में शुक्रवार को एक होनहार बेटी ने दहेज की वजह से अपनी जान दे दी। 18 वर्षीय लक्ष्मी वर्मा की शादी 29 अप्रैल को तय थी, लेकिन लड़के वालों द्वारा 5 लाख रुपये की दहेज मांगने से वह तनाव में थी। परिवार की आर्थिक स्थिति कमजोर होने के कारण लक्ष्मी ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली।
दहेज की मांग से टूटी बेटी, सुसाइड नोट में बयां किया दर्द
लक्ष्मी वर्मा ने आत्महत्या से पहले एक सुसाइड नोट लिखा, जिसमें उसने बताया कि उसके माता-पिता बहुत गरीब हैं और किसी तरह उसे बीए तक पढ़ाया। वहीं, जिस लड़के से उसकी शादी तय हुई थी, वह सिर्फ कक्षा 8 पास था। सुसाइड नोट में उसने लिखा कि लड़के वाले 5 लाख रुपये नकद मांग रहे थे, जो उसके परिवार के लिए देना संभव नहीं था। इसलिए, वह अपनी जान दे रही है।

शादी की तैयारियों के बीच छाई मातम की छाया
परिवार वाले बेटी की शादी की तैयारियों में जुटे थे, लेकिन इस दर्दनाक घटना ने सभी को झकझोर दिया। लक्ष्मी के पिता रामकुमार वर्मा की तीन बेटियां और एक बेटा है। उन्होंने अपनी बड़ी बेटी लक्ष्मी की शादी नेपाल के हुलासपुरवा ककरदरी निवासी अवधेश वर्मा के बेटे रोहित वर्मा से तय की थी।
समाज के लिए बड़ा सवाल
इस घटना ने समाज को फिर से सोचने पर मजबूर कर दिया है कि कब तक बेटियों को दहेज जैसी कुप्रथा की बलि चढ़ना पड़ेगा? आखिर कब इस कुप्रथा का अंत होगा?
➡️चुन्नीलाल प्रधान की रिपोर्ट

Author: samachardarpan24
जिद है दुनिया जीतने की