Explore

Search
Close this search box.

Search

5 April 2025 6:46 pm

नाग, प्रलय और नारी शक्ति… आज देखेगी दुनिया भारत की ताकत, 76 वां गणतंत्र दिवस परेड में

157 पाठकों ने अब तक पढा

परवेज़ अंसारी की रिपोर्ट

आज भारत देश में 76वां गणतंत्र दिवस बड़े उत्साह और हर्षोल्लास के साथ मनाया जा रहा है। इस खास अवसर पर राजधानी दिल्ली में आयोजित होने वाली गणतंत्र दिवस परेड के लिए सुरक्षा के अभूतपूर्व इंतजाम किए गए हैं। परेड की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए दिल्ली पुलिस ने छह स्तरीय सुरक्षा व्यवस्था लागू की है, जिसमें लगभग 15,000 जवान केवल कर्तव्य पथ की सुरक्षा में तैनात हैं। इसके अलावा, हर गतिविधि पर नजर रखने के लिए सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं और अत्याधुनिक एआई तकनीक से लैस कैमरों का उपयोग किया गया है।

परेड का समय और मार्ग

गणतंत्र दिवस परेड सुबह 10:30 बजे विजय चौक से शुरू होकर लाल किले तक जाएगी। इससे पहले सुबह 9:30 बजे इंडिया गेट स्थित राष्ट्रीय युद्ध स्मारक पर एक समारोह आयोजित किया जाएगा। परेड विजय चौक, कर्तव्य पथ, सी-हेक्सागन, नेताजी सुभाष चंद्र बोस की प्रतिमा के आसपास, तिलक मार्ग, बहादुर शाह जफर मार्ग, नेताजी सुभाष मार्ग और लाल किला तक के मार्ग पर जाएगी।

यातायात व्यवस्था और प्रतिबंध

दिल्ली पुलिस ने यातायात को सुचारू बनाए रखने के लिए विशेष प्रबंध किए हैं। परेड के कारण सुबह 10:30 बजे से दोपहर 1:00 बजे तक तिलक मार्ग, बीएसजेड मार्ग और सुभाष मार्ग पर यातायात बंद रहेगा। सी-हेक्सागन से इंडिया गेट तक का मार्ग सुबह 9:15 बजे से परेड के समाप्त होने तक बंद रहेगा। हालांकि, नई दिल्ली और पुरानी दिल्ली रेलवे स्टेशन जाने वाले यात्रियों के लिए कोई प्रतिबंध नहीं होगा।

मेट्रो सेवाओं में विशेष व्यवस्था

दिल्ली मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन (DMRC) ने गणतंत्र दिवस के अवसर पर विशेष प्रबंध किए हैं। 26 जनवरी को मेट्रो सेवा सुबह 3:00 बजे से शुरू कर दी जाएगी, और सुबह 6:00 बजे से मेट्रो हर 30 मिनट के अंतराल पर चलेगी। इस कदम से परेड में भाग लेने वाले लोगों को बड़ी सुविधा मिलेगी।

परेड में झांकियां और सांस्कृतिक प्रस्तुतियां

इस बार गणतंत्र दिवस परेड की थीम “स्वर्णिम भारत: विरासत और विकास” है। परेड में कुल 31 झांकियां दिखाई जाएंगी, जिनमें से तीनों सेनाओं (थलसेना, वायुसेना और नौसेना) की झांकियां पहली बार संयुक्त रूप से प्रदर्शित की जाएंगी। 5,000 कलाकारों द्वारा पूरे कर्तव्य पथ पर सांस्कृतिक प्रस्तुतियां दी जाएंगी।

मुख्य अतिथि और अंतरराष्ट्रीय भागीदारी

इस बार गणतंत्र दिवस परेड के मुख्य अतिथि इंडोनेशिया के राष्ट्रपति प्राबोवो सुबियांतो हैं। वे भारत के इस राष्ट्रीय पर्व में शामिल होने वाले चौथे इंडोनेशियाई राष्ट्रपति हैं। उनके साथ 352 सदस्यीय इंडोनेशियाई मार्चिंग और बैंड दस्ता परेड में भाग ले रहा है। यह पहली बार है कि इंडोनेशिया का दल किसी अन्य देश के राष्ट्रीय दिवस परेड में भाग ले रहा है।

भारत की सैन्य शक्ति का प्रदर्शन

इस बार परेड में भारत की रक्षा शक्ति को विशेष रूप से प्रदर्शित किया जाएगा। पहली बार स्वदेशी ‘प्रलय मिसाइल’ को शामिल किया गया है, जो सतह से सतह पर 350-500 किलोमीटर की दूरी तक सटीक वार कर सकती है। इसके अलावा, नाग एंटी टैंक गाइडेड मिसाइल, ब्रह्मोस मिसाइल और पिनाका रॉकेट सिस्टम का भी प्रदर्शन किया जाएगा।

भारतीय नौसेना भी अपनी ताकत का प्रदर्शन करेगी। उनकी झांकी में हाल ही में शामिल किए गए INS सूरत, INS नीलगिरी और INS वागशीर को प्रदर्शित किया जाएगा।

विशेष अतिथियों की भागीदारी

सरकार के ‘जनभागीदारी’ के उद्देश्य को ध्यान में रखते हुए इस बार परेड में लगभग 10,000 विशेष अतिथियों को आमंत्रित किया गया है। इनमें वे लोग शामिल हैं जिन्होंने विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट योगदान दिया है और सरकार की योजनाओं का लाभ उठाकर अपने जीवन में बदलाव लाया है।

गणतंत्र दिवस का यह आयोजन भारत की संस्कृति, परंपरा, शक्ति और प्रगति का प्रतीक है। इस दिन न केवल देश के सैन्य बलों की ताकत दिखाई जाएगी, बल्कि यह देश की विविधता और एकता का भी उत्सव है।

samachardarpan24
Author: samachardarpan24

जिद है दुनिया जीतने की

Leave a comment