उत्तर प्रदेश में पत्नी की क्रूरता : हसबैंड की 17 हजार पगार, 400 की एक कॉफी गटक जाती थी बीवी

उत्तर प्रदेश के मोदीनगर में पत्नी की क्रूरता से जुड़ा घरेलू हिंसा का मामला, शादी की प्रतीकात्मक तस्वीर

✍️चुन्नीलाल प्रधान की रिपोर्ट
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हूक प्वाइंट : मामूली घरेलू विवाद नहीं, यह लालच, अपमान और हिंसा की वह कहानी है, जिसमें एक युवक हमेशा के लिए खामोश कर दिया गया। डॉक्टर हार गए, परिवार टूट गया और समाज शर्मसार हो गया।

उत्तर प्रदेश के मोदीनगर में पत्नी की क्रूरता की यह घटना सिर्फ एक पारिवारिक झगड़े की कहानी नहीं है, बल्कि यह उस मानसिक और शारीरिक हिंसा का भयावह उदाहरण है, जो अक्सर घर की चारदीवारी में दबकर रह जाती है। संजयपुरी इलाके में रहने वाला 26 वर्षीय विपिन अब जीवन भर बोल नहीं पाएगा। पत्नी ईशा ने आपसी विवाद के दौरान दांतों से उसकी जीभ काटकर अलग कर दी। डॉक्टरों के तमाम प्रयासों के बावजूद उसकी आवाज वापस नहीं आ सकी।

चारपाई पर तड़पता युवक, फ्रिज में रखी गई जीभ

घटना के बाद विपिन का घर किसी शोकस्थल से कम नहीं है। दर्द से कराहता विपिन चारपाई पर पड़ा है, लेकिन वह अपनी पीड़ा शब्दों में नहीं बता सकता। परिवार ने कटी हुई जीभ के टुकड़े को कपड़े में लपेटकर फ्रिज में सुरक्षित रखा है। भाई सनी का कहना है कि यह टुकड़ा इसलिए संभालकर रखा गया है ताकि अदालत और पुलिस के सामने यह साबित किया जा सके कि विपिन के साथ कितना जघन्य अपराध हुआ है।

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17–18 हजार की मजदूरी, लेकिन शौक बड़े

विपिन एक वेल्डिंग फैक्ट्री में काम करता था और उसकी मासिक आमदनी मात्र 17 से 18 हजार रुपये थी। परिवार और दोस्तों का कहना है कि ईशा को यह कमाई कभी रास नहीं आई। उसे शराब, सिगरेट और महंगे रेस्टोरेंट में पार्टी करने का शौक था। यहां तक कि 400 रुपये की एक कॉफी पीना भी उसकी आदत में शामिल था, जो विपिन की कमाई पर भारी पड़ता था।

शादी के पहले दिन से अपमान और दूरी

विपिन के दोस्त बॉबी के अनुसार, ईशा ने शादी के पहले दिन से ही विपिन को छूने तक नहीं दिया। वह उसे बार-बार अपमानजनक शब्दों से नीचा दिखाती थी और मानसिक रूप से प्रताड़ित करती थी। दोस्तों का कहना है कि विपिन अक्सर चुपचाप सब सह लेता था, क्योंकि वह घर टूटने से डरता था।

बॉयफ्रेंड के साथ घूमने के लिए पैसे की मांग

परिवार का दावा है कि ईशा अपने कथित बॉयफ्रेंड के साथ घूमने-फिरने के लिए भी विपिन से पैसे मांगती थी। विपिन की अलमारी से सिगरेट के टुकड़े और गर्भपात से जुड़ी दवाइयां मिलने के बाद परिवार का शक और गहरा हो गया। उनका कहना है कि ईशा कभी मां नहीं बनना चाहती थी और इस रिश्ते को खत्म करने की कोशिश कर रही थी।

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कुंडली नहीं मिली, फिर भी कर दी शादी

विपिन के पिता रामौतार बताते हैं कि शादी से पहले पंडित ने कुंडली न मिलने की चेतावनी दी थी, लेकिन सामाजिक दबाव और बिचौलियों की जिद के आगे झुककर उन्होंने शादी कर दी। बेटे की शादी के लिए बैंक से 10 लाख रुपये का कर्ज लिया गया था। आज वही पिता यह कहते नहीं थकते कि एक गलत फैसले ने उनके बेटे की पूरी जिंदगी छीन ली।

डॉक्टरों ने खड़े किए हाथ

मेरठ के सुभारती अस्पताल के डॉक्टरों ने साफ कर दिया है कि जीभ की रक्त नलिकाएं पूरी तरह कट चुकी हैं। टांकों से जख्म तो भर जाएगा, लेकिन आवाज लौटने की कोई संभावना नहीं है। डॉक्टरों के मुताबिक यह ऐसा नुकसान है, जिसे आधुनिक चिकित्सा भी पूरी तरह ठीक नहीं कर सकती।

पुलिस कार्रवाई, आरोपी जेल में

विपिन की मां गीता की तहरीर पर मोदीनगर पुलिस ने आरोपी पत्नी ईशा के खिलाफ FIR दर्ज की। 20 जनवरी को पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मेडिकल रिपोर्ट, गवाहों के बयान और अन्य सबूतों के आधार पर मामले की गहन जांच की जा रही है।

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समाज के लिए सवाल, कानून के लिए चुनौती

उत्तर प्रदेश के मोदीनगर में पत्नी की क्रूरता की यह घटना समाज के सामने कई सवाल खड़े करती है। घरेलू हिंसा केवल एकतरफा नहीं होती, लेकिन पुरुष पीड़ितों की आवाज अक्सर अनसुनी रह जाती है। विपिन अब खामोश है, लेकिन उसकी कहानी सिस्टम और समाज—दोनों से जवाब मांग रही है।

दिव्यांग कोटे से नौकरी के मामले में अयोध्या के जीएसटी अधिकारी इस्तीफे से जुड़ा दस्तावेज दिखाते हुए
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