14 वर्षीय किशोरी की 19 दिन बाद बरामदगी , हालात देख पुलिस भी चौंकी

गोरखपुर में 19 दिन बाद बरामद की गई नाबालिग किशोरी का सांकेतिक चित्र

संजय वर्मा की रिपोर्ट
IMG-20260116-WA0015
previous arrow
next arrow

गोरखपुर। 14 वर्षीय किशोरी की 19 दिन बाद बरामदगी केवल एक पुलिस कार्रवाई नहीं, बल्कि उन खामोश दिनों की दास्तान है जिनमें एक नाबालिग लड़की अलग-अलग ठिकानों पर अमानवीय शोषण का शिकार होती रही। प्रेम, भरोसा और संरक्षण—तीनों के टूटने की यह कहानी कानून, समाज और व्यवस्था के सामने असहज सवाल छोड़ती है।

घर से निकलने के बाद शुरू हुआ भयावह सिलसिला

प्राप्त जानकारी के अनुसार, यह पूरा मामला 5 जनवरी से जुड़ा है, जब किशोरी के माता-पिता ने स्थानीय थाने में अपनी 14 वर्षीय बेटी की गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। परिजनों का कहना था कि उनकी बेटी अचानक घर से लापता हो गई है और उसका कोई सुराग नहीं मिल पा रहा है। शुरुआती जांच में यह बात सामने आई कि किशोरी अपने परिचित युवक, जिसे वह प्रेमी मानती थी, के संपर्क में थी।

जांच आगे बढ़ने पर जो तथ्य सामने आए, वे बेहद चौंकाने वाले और अमानवीय थे। किशोरी अपने प्रेमी के साथ घर से निकली, लेकिन इसके बाद उसकी जिंदगी एक-एक कर कई लोगों की दरिंदगी का शिकार होती चली गई। पुलिस के अनुसार, प्रेमी उसे एक होटल में ले गया, जहां उसके साथ कथित तौर पर न केवल उसके प्रेमी बल्कि उसके दोस्तों द्वारा भी दुष्कर्म किया गया।

इसे भी पढें  शिक्षित यदुवंशी भी कइला … माई भी कइले, बहिनी भी कईले :सांसद रवि किशन ने ‘एनडीए की ऐतिहासिक जीत’ पर कही बड़ी बड़ी बातें

तीन दिनों तक बंधक बनाकर की गई दरिंदगी

पीड़िता की आपबीती के मुताबिक, उसे होटल के कमरे में करीब तीन दिनों तक जबरन बंद करके रखा गया। इस दौरान उसे बाहर निकलने नहीं दिया गया और उसके साथ लगातार शारीरिक शोषण किया गया। किशोरी की उम्र महज 14 वर्ष होने के कारण यह मामला न केवल गंभीर आपराधिक श्रेणी में आता है, बल्कि इसमें बाल संरक्षण कानूनों के खुले उल्लंघन की भी पुष्टि होती है।

तीन दिनों बाद, आरोप है कि प्रेमी और उसके साथी किशोरी को होटल में ही छोड़कर फरार हो गए। उस समय किशोरी मानसिक और शारीरिक रूप से पूरी तरह टूट चुकी थी, लेकिन उसकी पीड़ा यहीं समाप्त नहीं हुई।

होटल प्रबंधन पर भी गंभीर आरोप

जांच में सामने आया है कि होटल में किशोरी की स्थिति की जानकारी होने के बावजूद, होटल प्रबंधन ने न तो पुलिस को सूचना दी और न ही उसे सुरक्षित स्थान तक पहुंचाने की कोशिश की। इसके उलट, होटल मालिक और मैनेजर पर भी किशोरी के साथ कथित दुष्कर्म के आरोप लगे हैं। यह तथ्य अपने-आप में यह सवाल खड़ा करता है कि आखिर ऐसे मामलों में व्यवसायिक प्रतिष्ठानों की जिम्मेदारी और संवेदनशीलता कहां गायब हो जाती है।

आरोपों के अनुसार, होटल मालिक और मैनेजर ने न केवल अपराध को छिपाने की कोशिश की, बल्कि किशोरी को आगे एक स्पा सेंटर संचालक को बेच दिया। यह पहलू मानव तस्करी और संगठित अपराध की ओर भी संकेत करता है।

इसे भी पढें  यादवों पर टिप्पणी की तो गोली मार दूंगा ; भाजपा सांसद रवि किशन को क्यों मिली जान से मारने की धमकी❓

स्पा सेंटर में भी नहीं मिली राहत

किशोरी को जिस स्पा सेंटर में भेजा गया, वहां भी उसकी स्थिति में कोई सुधार नहीं हुआ। आरोप है कि स्पा संचालक और वहां के प्रबंधन ने भी किशोरी के साथ दुष्कर्म किया। इस दौरान जब उसकी तबीयत बिगड़ने लगी, तो उसे केवल दवाइयां देकर फिर से उसी अमानवीय शोषण का शिकार बनाया गया।

यह पूरा घटनाक्रम दर्शाता है कि कैसे एक नाबालिग लड़की को अलग-अलग स्थानों पर ले जाकर शोषण का शिकार बनाया गया और किसी भी स्तर पर मानवीय संवेदना या कानून का भय नजर नहीं आया।

19 दिन बाद पुलिस को मिली सफलता

लगातार प्रयासों और तकनीकी जांच के बाद पुलिस को 20 जनवरी के आसपास किशोरी की लोकेशन का सुराग मिला। इसके बाद कार्रवाई करते हुए पुलिस ने एक होटल के कमरे से किशोरी को बरामद किया। जब पीड़िता को सुरक्षित निकाला गया और उसकी आपबीती सुनी गई, तो खुद पुलिसकर्मी भी स्तब्ध रह गए।

किशोरी की हालत देखकर यह स्पष्ट था कि वह लंबे समय तक शारीरिक और मानसिक प्रताड़ना से गुजरी है। फिलहाल उसे चिकित्सकीय निगरानी में रखा गया है और उसका मेडिकल परीक्षण कराया जा रहा है।

इसे भी पढें  ब्रिटिश मौलाना शमसुल हुदा खान की बड़ी साजिश उजागर — मदरसे के साथ अवैध गर्ल्स हॉस्टल भी संचालित

पुलिस का आधिकारिक बयान

इस पूरे मामले को लेकर संबंधित थाना प्रभारी इंस्पेक्टर शशि भूषण ने बताया कि 5 जनवरी को किशोरी की गुमशुदगी दर्ज की गई थी। लगातार प्रयासों के बाद उसे 19 दिन बाद बरामद किया गया है। उन्होंने कहा कि प्रेमी को हिरासत में ले लिया गया है और अन्य आरोपियों की भूमिका की भी गहन जांच की जा रही है। पीड़िता का मेडिकल परीक्षण और काउंसलिंग कराई जा रही है, जिसके आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई होगी।

किन-किन पर दर्ज हुए आरोप

पुलिस जांच में प्रेमी किशोर, होटल मैनेजर आदर्श पांडे और होटल मालिक अभय सिंह के नाम सामने आए हैं। होटल मैनेजर और मालिक को गिरफ्तार कर लिया गया है, जबकि स्पा सेंटर से जुड़े आरोपियों की तलाश जारी है। यह भी सामने आया है कि किशोरी पिछले छह महीनों से प्रेमी के संपर्क में थी और उसी ने 5 जनवरी को उसे होटल में बुलाया था।

फिलहाल पुलिस इस पूरे मामले को मानव तस्करी, सामूहिक दुष्कर्म और नाबालिग के शोषण से जुड़े सभी कानूनी पहलुओं के तहत गंभीरता से जांच रही है। यह मामला न केवल कानून के लिए चुनौती है, बल्कि समाज के लिए भी एक कठोर चेतावनी है कि नाबालिगों की सुरक्षा को लेकर किसी भी स्तर पर लापरवाही विनाशकारी साबित हो सकती है।

एंटी करप्शन टीम की कार्रवाई में रिश्वत मामले में गिरफ्तार चौकी इंचार्ज की फाइल फोटो
रिश्वत के आरोप में एंटी करप्शन टीम द्वारा गिरफ्तार किया गया चौकी इंचार्ज।

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Scroll to Top