दुष्कर्म पीड़िता को न्याय का भरोसा दिलाने के उद्देश्य से कांग्रेस पार्टी का एक प्रतिनिधिमंडल पीड़ित बालिका के गांव पहुंचा। कांग्रेस के पूर्व विधायक एवं जोनल कोऑर्डिनेटर डॉ. अनिल चौधरी के नेतृत्व में पहुंचे नेताओं ने पीड़ित परिवार से मुलाकात कर उन्हें ढांढस बंधाया और भरोसा दिलाया कि इस जघन्य अपराध में शामिल दोषियों को कड़ी से कड़ी सजा दिलाने के लिए पार्टी हर स्तर पर संघर्ष करेगी। प्रतिनिधिमंडल ने स्पष्ट किया कि यह मामला केवल एक परिवार का नहीं, बल्कि समाज की हर बेटी की सुरक्षा और सम्मान से जुड़ा हुआ है।
पीड़ित परिवार के साथ खड़ी कांग्रेस, न्याय तक संघर्ष का संकल्प
कांग्रेस नेताओं ने पीड़िता के पिता से संवाद करते हुए कहा कि वे किसी भी परिस्थिति में अकेले नहीं हैं। पार्टी उनके साथ कदम से कदम मिलाकर खड़ी है। नेताओं ने भरोसा दिलाया कि दोषियों को कानून के कठघरे तक लाया जाएगा और उन्हें कठोरतम सजा दिलाने की दिशा में हर आवश्यक पहल की जाएगी। कांग्रेस प्रतिनिधिमंडल ने कहा कि दुष्कर्म जैसे मामलों में चुप्पी अपराधियों को बढ़ावा देती है, इसलिए पार्टी खुलकर पीड़ित परिवार की आवाज बनेगी।

पार्टी नेतृत्व के निर्देश पर गांव पहुंचा प्रतिनिधिमंडल
कांग्रेस जिलाध्यक्ष रामनिवास यादव और महानगर अध्यक्ष शफात खान राजू के नेतृत्व में पहुंचे प्रतिनिधिमंडल ने बताया कि पार्टी नेतृत्व ने इस घटना को अत्यंत गंभीरता से लिया है। शीर्ष नेताओं और प्रदेश अध्यक्ष के निर्देश पर कांग्रेसजन पीड़ित परिवार से मिलने पहुंचे हैं। उनका कहना था कि इस मुलाकात का उद्देश्य केवल संवेदना प्रकट करना नहीं, बल्कि न्याय की लड़ाई को मजबूती देना है। पीड़ित परिवार को मिलने वाली सरकारी योजनाओं और सहायता का लाभ दिलाने के लिए भी पार्टी प्रयास करेगी।
प्रदेश की कानून व्यवस्था पर गंभीर सवाल
कांग्रेस नेताओं ने प्रदेश की कानून व्यवस्था को लेकर सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि महिलाओं और बच्चियों के खिलाफ अपराधों में लगातार वृद्धि यह साबित करती है कि अपराधियों के हौसले बुलंद हैं। कानून का भय समाप्त होता जा रहा है और अपराधियों को अप्रत्यक्ष संरक्षण मिल रहा है। पीड़ित परिवार न्याय के लिए दर-दर भटकने को मजबूर हैं, जबकि सरकार केवल आंकड़ों में कानून व्यवस्था की मजबूती का दावा कर रही है।
मजबूत कानूनी पैरवी और प्रशासनिक दबाव का वादा
प्रतिनिधिमंडल ने आश्वासन दिया कि मामले की निष्पक्ष जांच सुनिश्चित कराने के लिए प्रशासनिक स्तर पर दबाव बनाया जाएगा। साथ ही अदालत में पीड़ित पक्ष की ओर से मजबूत और प्रभावी पैरवी कराई जाएगी, ताकि दोषी किसी भी कानूनी पेंच का लाभ न उठा सकें। कांग्रेस नेताओं ने कहा कि यदि जरूरत पड़ी तो इस मामले को प्रदेश और राष्ट्रीय स्तर तक भी उठाया जाएगा।
कांग्रेस नेताओं की मौजूदगी से बढ़ा पीड़ित परिवार का मनोबल
कांग्रेस प्रतिनिधिमंडल की मौजूदगी से पीड़ित परिवार का मनोबल बढ़ा। परिवार के सदस्यों ने कहा कि उन्हें पहली बार यह महसूस हुआ कि कोई उनकी पीड़ा को समझने और न्याय दिलाने के लिए सामने आया है। नेताओं ने कहा कि यह केवल राजनीतिक औपचारिकता नहीं, बल्कि मानवीय जिम्मेदारी है, जिसे निभाना हर जनप्रतिनिधि का कर्तव्य है।
प्रतिनिधिमंडल में शामिल रहे ये प्रमुख नेता
इस दौरान जिला कोऑर्डिनेटर अरुण यादव, पूर्व विधायक प्रत्याशी औरया मुथुल पांडे, पूर्व विधायक प्रत्याशी हाजी सईद पटेल, पीसीसी सदस्य हाजी नसीर अहमद, वरिष्ठ जिला उपाध्यक्ष राजवीर सिंह यादव, जिला उपाध्यक्ष जितेंद्र तिवारी, किसान कांग्रेस जिलाध्यक्ष अजय यादव, पूर्व जिलाध्यक्ष संदीप तिवारी, जिला सह मीडिया प्रभारी सोनू यादव, पूर्व नगर अध्यक्ष गुलाम जिलानी, वकार खालिद, पार्षद लाला राइन, एमडी पिप्पल सहित अनेक कांग्रेस नेता उपस्थित रहे।
यह मामला केवल अपराध नहीं, समाज के लिए चेतावनी
कांग्रेस नेताओं ने कहा कि बच्चियों के खिलाफ होने वाले अपराध समाज के लिए गंभीर चेतावनी हैं। यदि ऐसे मामलों में समय रहते कठोर कार्रवाई नहीं होती, तो अपराधियों के हौसले और बढ़ते हैं। न्याय की यह लड़ाई केवल पीड़िता तक सीमित नहीं है, बल्कि यह आने वाली पीढ़ियों की सुरक्षा से भी जुड़ी हुई है।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
दुष्कर्म पीड़िता को न्याय का भरोसा किसने दिया?
कांग्रेस पार्टी के प्रतिनिधिमंडल ने पीड़ित परिवार से मुलाकात कर न्याय का भरोसा दिया।
प्रतिनिधिमंडल का मुख्य उद्देश्य क्या था?
पीड़ित परिवार को ढांढस बंधाना, कानूनी सहायता का आश्वासन देना और दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग करना।
कांग्रेस ने सरकार पर क्या आरोप लगाए?
कांग्रेस ने प्रदेश की कानून व्यवस्था को कमजोर बताते हुए अपराधियों को संरक्षण मिलने का आरोप लगाया।










