ऑनर किलिंग मामला : प्रेम की जिद ने बेटी को पहुंचा दिया मौत तक

गोंडा ऑनर किलिंग मामले में गिरफ्तार पिता और भाई, पुलिस अभिरक्षा में आरोपी

🖊️ चुन्नीलाल प्रधान की रिपोर्ट
IMG_COM_202603020511552780
previous arrow
next arrow

ऑनर किलिंग मामला एक बार फिर समाज के उस स्याह चेहरे को उजागर करता है, जहां बेटी की पसंद, उसका प्रेम और जीवन पर अधिकार परिवार की तथाकथित प्रतिष्ठा के आगे कुचल दिया जाता है। एक युवती जिसने अपनी मर्जी से जीवनसाथी चुनने का साहस किया, वही साहस उसके लिए मौत का फरमान बन गया। यह कहानी सिर्फ एक हत्या की नहीं, बल्कि उस मानसिकता की है जो आज भी प्रेम को अपराध और स्वतंत्रता को बगावत मानती है।

समाचार सार :
प्रेम विवाह पर अड़ी 21 वर्षीय युवती की उसके ही पिता और भाई ने योजनाबद्ध तरीके से करंट लगाकर हत्या कर दी। पहले इसे हादसा बताया गया, लेकिन प्रेमी की सूचना और पुलिस जांच में यह ऑनर किलिंग मामला साबित हुआ।

फोन से शुरू हुआ रिश्ता, दो साल में बना विवाह का फैसला

देहात कोतवाली क्षेत्र के बाबापुरवा ठोरहंस गांव निवासी रोशनी (21) का मनकापुर थाना क्षेत्र के एक युवक परमेश्वर पाठक से पिछले करीब दो वर्षों से संपर्क था। बातचीत पहले मोबाइल फोन तक सीमित रही, लेकिन धीरे-धीरे यह रिश्ता भावनात्मक गहराई में बदल गया। दोनों एक-दूसरे से प्रेम करने लगे और भविष्य को साथ देखने लगे। रोशनी अपने प्रेमी से ही विवाह करना चाहती थी और इस निर्णय पर पूरी तरह अडिग थी।

इसे भी पढें  प्रेम प्रसंग लम्बे समय से चल रहा था, प्रेमी-प्रेमिका की मंदिर में ग्रामीणों ने कराई शादी

परिवार को मिली जानकारी, पहले सहमति फिर अचानक इनकार

जब रोशनी के प्रेम संबंध की जानकारी उसके पिता चंद्र प्रकाश पांडेय और भाई राहुल पांडेय को हुई तो शुरुआत में उन्होंने सामाजिक दबाव और रिश्तेदारी के चलते शादी तय कर दी। लेकिन कुछ ही समय बाद युवक और परिवार के बीच विवाद हो गया। इसके बाद परिजनों ने अचानक शादी से हाथ खींच लिया और रोशनी पर दबाव बनाने लगे कि वह अपने फैसले से पीछे हट जाए।

बेटी की पसंद बनी परिवार की ‘इज्जत’ का सवाल

रोशनी का अपने फैसले पर अडिग रहना परिवार को नागवार गुजरने लगा। पिता और भाई ने इसे प्रेम या विवाह का मुद्दा न मानकर ‘इज्जत’ और ‘प्रतिष्ठा’ से जोड़ लिया। कई बार उसे समझाने, डराने और दबाव बनाने की कोशिश की गई, लेकिन रोशनी ने साफ कह दिया कि वह उसी युवक से शादी करेगी जिससे वह प्रेम करती है।

घर छोड़ने की तैयारी और मौत की साजिश

शुक्रवार की सुबह रोशनी घर छोड़कर जाने की तैयारी कर रही थी। इसी दौरान पिता और भाई ने उसे रोक लिया और बहाने से कमरे में ले गए। यहीं पहले से रची गई साजिश को अंजाम दिया गया। हाथ तख्त के पावे से मफलर से बांधे गए, मुंह दुपट्टे से कसकर बांधा गया और बिजली के बोर्ड से केबल जोड़कर करंट लगा दिया गया।

इसे भी पढें  गणतंत्र दिवस पर मंच बना ‘मज़ाक’ का मैदान!बुर्का पहनकर डांस करती छात्राएं, गोंडा का इंटर कॉलेज जांच के घेरे में

करंट लगाकर ली गई जान, हादसे का रूप देने की कोशिश

करंट लगने से रोशनी की मौके पर ही सांसें टूट गईं। हत्या के बाद पिता और भाई ने पुलिस को गुमराह करने के लिए इसे दुर्घटना बताने की कोशिश की और कहा कि बेटी की मौत करंट लगने से हुई है। लेकिन घटनास्थल की स्थिति और परिस्थितियां कुछ और ही कहानी बयां कर रही थीं।

प्रेमी की सूचना से टूटी साजिश की परतें

इस मामले में निर्णायक मोड़ तब आया जब रोशनी के प्रेमी ने डायल 112 पर सूचना दी कि उसकी शादी तय थी और परिवार के लोगों ने युवती की हत्या कर दी है। पुलिस के पास दो अलग-अलग सूचनाएं पहुंचीं, जिनमें स्पष्ट विरोधाभास था। इसी आधार पर पुलिस ने मामले की गहन जांच शुरू की।

फोरेंसिक जांच और सख्त पूछताछ में कबूलनामा

सीओ सिटी आनंद कुमार राय और कोतवाल शमशेर सिंह के नेतृत्व में फोरेंसिक टीम और डॉग स्क्वायड ने मौके पर जांच की। तकनीकी साक्ष्यों और पूछताछ के दौरान पिता और भाई टूट गए और उन्होंने हत्या की साजिश स्वीकार कर ली। पुलिस ने हत्या में प्रयुक्त मफलर, दुपट्टा, केबल और मोबाइल फोन बरामद किए।

इसे भी पढें  पंचायत सचिव की अध्यक्षता में ग्राम नकार में हुई बैठक — ग्रामीणों की समस्याओं के निराकरण पर जोर

गिरफ्तारी और हत्या का मुकदमा दर्ज

पुलिस ने दोनों आरोपियों को बालाजी मंदिर के पास से गिरफ्तार कर लिया। एसपी विनीत जायसवाल के अनुसार, पूछताछ में आरोपियों ने स्वीकार किया कि वे प्रेम विवाह के खिलाफ थे और बेटी की जिद से नाराज होकर यह कदम उठाया। दोनों के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कर उन्हें जेल भेज दिया गया है।

समाज के सामने खड़ा करता सवालों का कठघरा

यह ऑनर किलिंग मामला सिर्फ कानून व्यवस्था का विषय नहीं, बल्कि सामाजिक चेतना की परीक्षा है। क्या बेटी की पसंद इतनी बड़ी गलती है कि उसे मौत की सजा दी जाए? कब तक प्रेम, स्वतंत्रता और आत्मनिर्णय को परिवार की झूठी शान के नाम पर कुर्बान किया जाता रहेगा? यह घटना समाज से आत्ममंथन की मांग करती है।

गोंडा के इंटर कॉलेज में गणतंत्र दिवस कार्यक्रम के दौरान हिंदू लड़कियां बुर्का पहनकर मंच पर नृत्य करती हुईं ।
गणतंत्र दिवस के मौके पर गोंडा के एक इंटर कॉलेज में आयोजित सांस्कृतिक कार्यक्रम के दौरान बुर्का पहनकर नृत्य करती छात्राएं, जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ।

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Scroll to Top