मेधावियों का सम्मान, सपनों को मिला मंच SNRD पब्लिक स्कूल में वार्षिक परिणाम समारोह में छाया उत्साह


🖊️ जगदंबा उपाध्याय की रिपोर्ट

👉 आजमगढ़ के SNRD पब्लिक स्कूल में आयोजित वार्षिक परिणाम समारोह में मेधावी विद्यार्थियों को सम्मानित कर शिक्षा और संस्कार का अनूठा संदेश दिया गया।

आजमगढ़: सिधारी स्थित SNRD पब्लिक स्कूल के प्रांगण में रविवार, 29 मार्च को वार्षिक परीक्षा परिणाम वितरण समारोह का भव्य आयोजन किया गया। यह आयोजन केवल परिणाम घोषणा तक सीमित नहीं रहा, बल्कि विद्यार्थियों के परिश्रम, अभिभावकों के सहयोग और शिक्षकों के मार्गदर्शन के प्रति सम्मान का उत्सव बन गया। पूरे परिसर में उत्साह, गर्व और प्रेरणा का वातावरण स्पष्ट रूप से महसूस किया गया।

माँ सरस्वती के पूजन से हुई शुभ शुरुआत

कार्यक्रम का शुभारंभ परंपरागत और आध्यात्मिक वातावरण में माँ सरस्वती के चित्र पर दीप प्रज्वलन के साथ किया गया। विद्यालय के प्रबंधक सत्य प्रकाश तिवारी द्वारा दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम की शुरुआत की गई। इसके बाद विद्यालय के निदेशक शिवम तिवारी ने माँ सरस्वती के चित्र पर माल्यार्पण किया तथा प्रधानाचार्य द्वारा पुष्प अर्पित कर कार्यक्रम को आगे बढ़ाया गया।

इस आध्यात्मिक शुरुआत ने कार्यक्रम को एक सकारात्मक ऊर्जा प्रदान की, जिससे उपस्थित सभी लोगों के मन में ज्ञान और संस्कार के प्रति सम्मान की भावना और प्रबल हुई।

मेधावी छात्रों का भव्य सम्मान

कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण विभिन्न कक्षाओं में प्रथम, द्वितीय और तृतीय स्थान प्राप्त करने वाले छात्र-छात्राओं का सम्मान रहा। मेधावी विद्यार्थियों को मेडल, शिल्ड और प्रमाण पत्र प्रदान कर उनके परिश्रम की सराहना की गई।

See also  हवन-यज्ञ के साथ नवरात्र महोत्सव का भव्य समापनमां गायत्री शक्तिपीठ में गूंजा मंत्रोच्चार, श्रद्धालुओं ने मांगी सुख-शांति

सम्मान के इस पल ने विद्यार्थियों के चेहरे पर खुशी और आत्मविश्वास की चमक ला दी। साथ ही अभिभावकों और शिक्षकों के लिए यह क्षण गर्व और संतोष से भरा रहा। कार्यक्रम के दौरान सभी बच्चों और अभिभावकों को मिठाई खिलाकर इस खुशी को साझा किया गया।

अभिभावकों को भी मिला सम्मान

इस समारोह की विशेषता यह रही कि केवल विद्यार्थियों ही नहीं, बल्कि उनके अभिभावकों को भी मंच पर बुलाकर सम्मानित किया गया। विद्यालय प्रबंधन का यह प्रयास इस बात का प्रतीक था कि बच्चों की सफलता में अभिभावकों की भूमिका भी उतनी ही महत्वपूर्ण होती है।

जब अभिभावकों को मंच पर बुलाकर सम्मानित किया गया, तो पूरे वातावरण में भावनात्मक और गर्वपूर्ण माहौल देखने को मिला। यह क्षण कार्यक्रम की आत्मा बन गया।

विद्यालय प्रबंधन का प्रेरणादायक संदेश

विद्यालय के निदेशक शिवम तिवारी ने अपने संबोधन में कहा कि विद्यार्थियों की सफलता केवल परीक्षा परिणाम नहीं, बल्कि उनके परिश्रम, अनुशासन और शिक्षकों के मार्गदर्शन का परिणाम है। उन्होंने विद्यार्थियों को प्रेरित करते हुए कहा कि यह सफलता आगे बढ़ने की एक सीढ़ी है और उन्हें निरंतर प्रयास करते रहना चाहिए।

वहीं विद्यालय के प्रबंधक सत्य प्रकाश तिवारी ने अपने संबोधन में कहा कि आज के ये विद्यार्थी ही देश का भविष्य हैं। उन्होंने कहा कि विद्यालय परिवार विद्यार्थियों के उज्ज्वल भविष्य के लिए निरंतर प्रयासरत है और उन्हें हर संभव बेहतर शिक्षा प्रदान करने के लिए प्रतिबद्ध है।

प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी की नई पहल

कार्यक्रम के दौरान शुभम तिवारी ने अभिभावकों को संबोधित करते हुए एक महत्वपूर्ण घोषणा की। उन्होंने बताया कि अब विद्यालय परिसर में ही बच्चों को प्रतियोगी परीक्षाओं की बेहतर तैयारी की सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी।

See also  आधुनिक भारत का वो इलाकाजहाँ सड़कें थक जाती हैं और ज़िंदगी पैदल चलती है

इस पहल का उद्देश्य विद्यार्थियों को प्रारंभिक स्तर से ही प्रतिस्पर्धात्मक माहौल के लिए तैयार करना है, ताकि वे भविष्य में विभिन्न क्षेत्रों में सफलता प्राप्त कर सकें।

शिक्षकों का संदेश: अनुशासन और लक्ष्य जरूरी

प्रधानाचार्य जनार्दन गौतम और संदीप गुप्ता ने भी विद्यार्थियों को बधाई देते हुए उन्हें अनुशासित जीवन अपनाने और अपने लक्ष्य के प्रति समर्पित रहने का संदेश दिया। उन्होंने कहा कि सफलता केवल मेहनत से नहीं, बल्कि सही दिशा और निरंतरता से मिलती है।

विद्यालय ने रचा उत्कृष्टता का नया इतिहास

कक्षा नर्सरी से लेकर उच्च कक्षाओं तक के विद्यार्थियों ने उत्कृष्ट प्रदर्शन कर विद्यालय का नाम रोशन किया। यह सफलता केवल व्यक्तिगत नहीं, बल्कि पूरे विद्यालय की सामूहिक उपलब्धि है।

कार्यक्रम में मुख्य रूप से जमील अहमद आजमी, कृष्णा कांत सिंह, मो. दाऊद आजमी, मोहम्मद आसिफ, शुभम तिवारी, मोहम्मद साहब जान, सागर हर्षदीप, रवि सिंह, अजय सिंह सहित अनेक गणमान्य लोग उपस्थित रहे।

समापन: उत्साह और प्रेरणा के साथ कार्यक्रम संपन्न

कार्यक्रम का समापन विद्यालय के समस्त अध्यापकगण और कर्मचारीगण की उपस्थिति में किया गया। पूरे आयोजन के दौरान उत्साह, प्रेरणा और सकारात्मक ऊर्जा का माहौल बना रहा, जिसने सभी उपस्थित लोगों को नई दिशा और प्रेरणा दी।

यह समारोह केवल एक आयोजन नहीं, बल्कि शिक्षा, संस्कार और प्रेरणा का ऐसा संगम था, जिसने विद्यार्थियों के मन में आगे बढ़ने की नई ऊर्जा भर दी।

❓ FAQ

कार्यक्रम कहां आयोजित हुआ था?

यह कार्यक्रम आजमगढ़ के सिधारी स्थित SNRD पब्लिक स्कूल में आयोजित हुआ था।

कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य क्या था?

कार्यक्रम का उद्देश्य वार्षिक परीक्षा परिणाम घोषित करना और मेधावी विद्यार्थियों को सम्मानित करना था।

See also  जब मंच पर खिले सपनों के रंग,जेडीएस स्कूल का वार्षिक उत्सव बना भविष्य की उड़ान का संग
क्या अभिभावकों को भी सम्मानित किया गया?

हाँ, विद्यार्थियों की सफलता में योगदान के लिए अभिभावकों को भी मंच पर सम्मानित किया गया।

Related Articles

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Stay Connected

0FansLike
0FollowersFollow
0SubscribersSubscribe
- Advertisement -spot_img

22 लाख दीप या आंकड़ों का खेल? चित्रकूट दीपदान पर पूर्व सांसद का बड़ा आरोप, आस्था बनाम प्रशासनिक दावे

🖊️ संजय सिंह राणा की रिपोर्ट👉 चित्रकूट में कथित 22 लाख दीपदान का दावा विवादों में, पूर्व सांसद ने बताया आंकड़ों का खेल और...

अंतर्राष्ट्रीय हिन्दू परिषद/राष्ट्रीय बजरंग दल प्रांत बैठक नागपुर गडचिरोली में संगठन विस्तार, नए दायित्वों की घोषणा

🖊️ सदानंद इंगिली की रिपोर्ट👉 नागपुर में आयोजित प्रांत बैठक में संगठन ने गडचिरोली तक विस्तार का संकेत देते हुए नई कार्यकारिणी का गठन...

नवाबी शहर लखनऊ बोल उठा : “नफ़ासत में लिपटा, रिवायतों से सजा एक जिंदा एहसास हूँ मैं… “

✍️अनिल अनूपएक सफ़र, जो उड़ान से शुरू हुआ और अदब में उतर गयालुधियाना की उस सुबह में एक हल्की-सी खामोशी थी… जैसे हवा भी...

“इश्क़ के शब्द बनाम पानी की प्यास—क्या हमारा प्रेम सिर्फ दिखावा है?” एक कॉल, दो दुनिया : कमरे में संपादक, वादियों में राणा

🖊️ संतोष कुमार “सोनी” की खास प्रस्तुति👉 क्या प्रेम सिर्फ शब्दों में रह गया है… या समाज की जिम्मेदारियों में भी उसका कोई स्थान...