गांवड़ी में दबंगई: मामूली विवाद में जेसीबी से रास्ता खोद ग्रामीणों की आवाजाही बंद

हिमांशु मोदी की रिपोर्ट

Light Blue Modern Hospital Brochure_20250922_085217_0000
previous arrow
next arrow

भरतपुर जिले के डीग उपखंड के गांव गांवड़ी में मामूली विवाद ने बड़ा रूप ले लिया। एक पक्ष ने नाराज होकर गांव के मुख्य रास्ते पर जेसीबी मशीन से गहरे गड्ढे खोद दिए, जिससे ग्रामीणों का आना-जाना बिल्कुल ठप हो गया। ग्रामीणों के अनुसार यह रास्ता करीब 40 साल पुराना है और पूरे गांव की जीवनरेखा रहा है।

अब लोगों को खेतों के रास्ते होकर गुजरना पड़ रहा है, जिससे बच्चों के स्कूल जाने, पानी के टैंकरों के आने में और पशुओं को पानी मिलने में भारी दिक्कतें पैदा हो गई हैं। पीड़ित हाफिजन ने बताया कि विवाद तब शुरू हुआ जब उनके बेटे ने रास्ते में रखी ज्वार हटाने को कहा, जिस पर दूसरा पक्ष भड़क गया और बाद में जेसीबी बुलाकर रास्ता खुदवा दिया।

इसे भी पढें  आंसुओं के साथ मनाई दीपावली: वृंदावन के संत प्रेमानंद जी महाराज का वायरल वीडियो छू गया भक्तों का दिल

ग्रामीणों ने इस घटना के खिलाफ उपखंड अधिकारी को ज्ञापन सौंपा है और रास्ता तुरंत दुरुस्त करवाने की मांग की है। इस मामले में डीग उपखंड अधिकारी सुभाष यादव ने बताया कि उन्हें ग्रामीणों से शिकायत प्राप्त हुई है। उन्होंने तहसीलदार को जांच के आदेश दिए हैं और जुरहरा एसएचओ को भी घटना से अवगत करा दिया गया है। संबंधित अतिक्रमण की जांच के आधार पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।

कीवर्ड: भरतपुर खबर, डीग समाचार, गांवड़ी विवाद, जेसीबी रोड विवाद, राजस्थान ताजा खबरें, ग्रामीण विवाद

सवाल-जवाब (FAQ)

गांवड़ी में विवाद किस बात पर हुआ?

विवाद तब शुरू हुआ जब एक व्यक्ति ने रास्ते में रखी ज्वार हटाने को कहा, जिस पर दूसरा पक्ष नाराज होकर झगड़ पड़ा।

जेसीबी से रास्ता क्यों खोदा गया?

विवाद बढ़ने के बाद नाराज पक्ष ने बदले की भावना में गांव के मुख्य रास्ते पर जेसीबी चलवा दी, जिससे रास्ता पूरी तरह बंद हो गया।

इसे भी पढें  बीएलओ शिक्षकों का मानसिक तनाव बढ़ा, आत्महत्या और हृदयाघात की घटनाओं ने उठाए सवाल
प्रशासन ने क्या कार्रवाई की है?

उपखंड अधिकारी सुभाष यादव ने मामले की जांच के आदेश दिए हैं और तहसीलदार को रिपोर्ट तैयार करने के निर्देश दिए हैं।

ग्रामीणों की मुख्य मांग क्या है?

ग्रामीण चाहते हैं कि रास्ते की खुदाई को तुरंत भरा जाए ताकि रोजमर्रा की आवाजाही दोबारा सुचारू हो सके।

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Language »
Scroll to Top