देवरिया का रेस्टोरेंट बना तनाव का केंद्र — यह पंक्ति शनिवार शाम भलुअनी कस्बे में हुई उस घटना पर सटीक बैठती है, जहां बॉयफ्रेंड के साथ रेस्टोरेंट पहुंची एक युवती ने आपसी विवाद के बाद कीटनाशक दवा का सेवन कर लिया। अचानक बिगड़ी हालत के बाद युवती को पहले प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र और फिर गंभीर स्थिति में देवरिया मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया, जहां उसका इलाज जारी है। पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी हुई है।
रेस्टोरेंट में हुआ विवाद कुछ ही मिनटों में जीवन-मरण के संघर्ष में कैसे बदल गया—यह सवाल पूरे इलाके को झकझोर रहा है।
रेस्टोरेंट में नाश्ते के दौरान शुरू हुआ विवाद
जानकारी के अनुसार, गोरखपुर के रुस्तमपुर क्षेत्र की रहने वाली युवती शनिवार शाम करीब छह बजे अपने सलेमपुर निवासी बॉयफ्रेंड के साथ भलुअनी कस्बे के एक रेस्टोरेंट में नाश्ता करने पहुंची थी। इसी दौरान किसी बात को लेकर दोनों के बीच कहासुनी हो गई। विवाद इतना बढ़ गया कि युवती ने अचानक अपने पास रखी कीटनाशक दवा का सेवन कर लिया।
अचानक बिगड़ी हालत, मच गई अफरा-तफरी
युवती द्वारा कीटनाशक पीते ही उसकी तबीयत तेजी से बिगड़ने लगी। रेस्टोरेंट में मौजूद लोगों में अफरा-तफरी मच गई। बॉयफ्रेंड ने स्थिति की गंभीरता को देखते हुए तुरंत डायल 112 पर पुलिस को सूचना दी। कुछ ही देर में पुलिस मौके पर पहुंच गई।
पुलिस ने तुरंत पहुंचाया अस्पताल
मौके पर पहुंची पुलिस टीम ने बिना देरी किए युवती को नजदीकी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया। वहां मौजूद डॉक्टरों ने प्राथमिक उपचार के बाद उसकी गंभीर हालत को देखते हुए उसे देवरिया मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया। अस्पताल सूत्रों के अनुसार युवती की स्थिति नाजुक बनी हुई है और उसका इलाज विशेषज्ञ डॉक्टरों की निगरानी में चल रहा है।
मेडिकल कॉलेज में इलाज जारी
देवरिया मेडिकल कॉलेज में भर्ती युवती को गहन चिकित्सा में रखा गया है। चिकित्सकों के मुताबिक, कीटनाशक सेवन के मामलों में शुरुआती समय बेहद अहम होता है। समय पर अस्पताल पहुंचने से उपचार की संभावना बनी हुई है, हालांकि खतरा पूरी तरह टला नहीं है।
पुलिस जांच में जुटी, हर पहलू की पड़ताल
पुलिस ने रेस्टोरेंट संचालक, कर्मचारियों और प्रत्यक्षदर्शियों से पूछताछ शुरू कर दी है। यह भी जांच की जा रही है कि विवाद किस बात को लेकर हुआ था और युवती के पास कीटनाशक दवा कैसे मौजूद थी। पुलिस का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद ही स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।
मानसिक दबाव और तात्कालिक आवेग का सवाल
यह घटना रिश्तों में बढ़ते तनाव और मानसिक दबाव की गंभीर तस्वीर भी सामने लाती है। विशेषज्ञों का मानना है कि अचानक उत्पन्न भावनात्मक आवेग कई बार व्यक्ति को ऐसा कदम उठाने पर मजबूर कर देता है, जिसका असर पूरे जीवन पर पड़ता है।
परिवार और समाज के लिए चेतावनी
घटना ने यह भी स्पष्ट किया है कि युवाओं के मानसिक हालात को समझना और समय पर संवाद बेहद जरूरी है। परिवार, मित्र और समाज यदि समय रहते सहयोग दें तो ऐसे मामलों को रोका जा सकता है।
फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है और युवती का इलाज जारी है। आगे की कार्रवाई जांच रिपोर्ट और चिकित्सकीय स्थिति के आधार पर तय की जाएगी।










