बड़ा बवाल : विधायक और ब्लॉक प्रमुख गुटों में जमकर पथराव, छह घायल

गोंडा जिले में कटरा ब्लॉक सभागार में बवालियों का झुंड, नारेबाजी और पथराव करता हुआ

घनश्याम तिवारी की रिपोर्ट

 

IMG_COM_202603020511552780
previous arrow
next arrow

गोंडा में बड़ा बवाल, कटरा ब्लॉक सभागार बना रणभूमि

उत्तर प्रदेश के गोंडा जिले में बड़ा बवाल उस समय खड़ा हो गया जब कटरा ब्लॉक सभागार में आयोजित दो कार्यक्रम आपस में टकरा गए। बीजेपी विधायक बावन सिंह और ब्लॉक प्रमुख जुगरानी शुक्ला के पति भवानी भीख शुक्ला के समर्थक आमने-सामने आ गए। देखते ही देखते नारेबाजी ने हिंसक रूप ले लिया और मामला पथराव, मारपीट और तोड़फोड़ तक पहुंच गया। इस झड़प में छह लोग घायल हो गए, जिससे पूरे इलाके में तनाव फैल गया।

राजनीतिक रंजिश से भड़का बड़ा बवाल

गोंडा के कटरा बाजार विधानसभा क्षेत्र में यह बड़ा बवाल किसी अचानक उपजे विवाद का नतीजा नहीं था। विधायक बावन सिंह और ब्लॉक प्रमुख के पति भवानी भीख शुक्ला के बीच लंबे समय से राजनीतिक प्रतिद्वंद्विता चली आ रही है।

2022 विधानसभा चुनावों से ही दोनों गुटों के बीच खींचतान बढ़ी हुई है। मंगलवार को ब्लॉक सभागार में हुआ विवाद इसी रंजिश का नया अध्याय बन गया।

इसे भी पढें  डेढ़ करोड़ का घोड़ाऔर सत्ता की सवारी —उपहार या प्रभाव का प्रदर्शन?

ब्लॉक परिसर में दो कार्यक्रम, बना विवाद का कारण

इस बड़े बवाल की असली वजह ब्लॉक परिसर में एक साथ चल रहे दो कार्यक्रम बने।

पहले, आरएसएस की ओर से विजयादशमी की तैयारियों को लेकर बैठक बुलाई गई थी, जिसमें ब्लॉक प्रमुख जुगरानी शुक्ला अपने पति और दोनों बेटों के साथ पहुंचीं।

दूसरी ओर, जीएसटी छूट पर धन्यवाद कार्यक्रम चल रहा था, जिसमें विधायक बावन सिंह और उनके बेटे गौरव उर्फ मोनू सिंह अपने समर्थकों संग मौजूद थे।

कार्यक्रम खत्म होने के बाद दोनों पक्षों ने सभागार में बैठक करने की जिद की और यहीं से माहौल गर्म हो गया।

नारेबाजी से शुरू होकर पथराव तक पहुंचा बड़ा बवाल

शुरुआत नारेबाजी से हुई, लेकिन जल्द ही बड़ा बवाल हाथापाई में बदल गया। कुर्सियां तोड़ी गईं, मेजें पलट दी गईं और दोनों गुटों ने एक-दूसरे पर पत्थर बरसाने शुरू कर दिए। सभागार के भीतर और बाहर अफरातफरी का माहौल बन गया। करीब आधे घंटे तक दोनों पक्षों में हिंसा चलती रही, जिससे स्थिति बेकाबू होती नजर आई।

बड़ा बवाल : छह लोग घायल, इलाज जारी

इस झड़प में कुल छह लोग घायल हो गए। ब्लॉक प्रमुख गुट से भगवान शुक्ला और शिव भगवान शुक्ला (भवानी भीख शुक्ला के बेटे) गंभीर रूप से घायल बताए जा रहे हैं। वहीं, विधायक गुट के लोगों को भी चोटें आई हैं। सभी घायलों का इलाज कटरा बाजार सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में जारी है। डॉक्टरों के अनुसार, किसी की हालत खतरे से बाहर है, लेकिन सिर और शरीर में गंभीर चोटें आई हैं।

इसे भी पढें  फर्नीचर आपूर्तिकर्ता से मांगे सवा 2 करोड़, लिए 30 लाख रुपये एडवांस, पढिए, क्या हुआ बीएसए का हाल

बड़ा बवाल रोकने के लिए पुलिस की तैनाती

घटना की सूचना मिलते ही तीन थानों की पुलिस फोर्स—कटरा बाजार, करनलगंज और कौड़िया—तुरंत मौके पर पहुंच गई। जिलाधिकारी प्रियंका निरंजन, पुलिस अधीक्षक विनीत जायसवाल और अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी घटनास्थल पर मौजूद रहे। अतिरिक्त पुलिस बल तैनात कर भीड़ को नियंत्रित किया गया।

गोंडा जिले में ब्लॉक प्रमुख जुगरानी शुक्ला और विधायक बावन सिंह के बीच विवाद, समर्थकों के साथ टकराव
गोंडा: ब्लॉक प्रमुख और विधायक के बीच बढ़ी राजनीतिक जंग, सभागार में जमकर बवाल

थाने में धरना, बढ़ा बड़ा बवाल

हिंसा के बाद विधायक बावन सिंह और उनके समर्थक पैदल ही थाने पहुंच गए। वहीं, ब्लॉक प्रमुख जुगरानी शुक्ला और उनके पति भवानी भीख शुक्ला ने थाने के बाहर धरना शुरू कर दिया। दोनों गुट एक-दूसरे पर हमले का आरोप लगा रहे हैं। इस वजह से तनाव और बढ़ गया।

एसपी गोंडा का बयान : निष्पक्ष जांच होगी

बड़ा बवाल थमने के बाद पुलिस अधीक्षक विनीत जायसवाल ने स्पष्ट कहा कि उच्च अधिकारी मौके पर भेजे गए हैं। क्षेत्र में शांति बनी हुई है, लेकिन पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की जा रही है। किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा।

इसे भी पढें  चंद्र प्रकाश सूर्या बने भाजपा अनुसूचित जाति मोर्चा के प्रदेश महामंत्री, संगठन में नई ऊर्जा

यह भी पढें👉 हत्या का खुलासा : गोण्डा के ई-रिक्शा चालक संगम लाल की मौत का राज उजागर

बड़ा बवाल : राजनीतिक समीकरण पर असर

विशेषज्ञों का मानना है कि यह बड़ा बवाल गोंडा जिले के राजनीतिक समीकरण पर बड़ा असर डाल सकता है। विधायक और ब्लॉक प्रमुख के बीच जारी खींचतान पार्टी संगठन पर भी दबाव बना सकती है। आगामी चुनावों में दोनों गुटों की भूमिका बीजेपी के लिए चुनौती साबित हो सकती है।

यह भी पढें👉क्रूड हत्या : बेटे ने पिता को लोहे की रॉड और चाकू से मारकर छत से फेंका, सौतेली मां भी घायल

गोंडा का यह बड़ा बवाल महज स्थानीय विवाद नहीं, बल्कि लंबे समय से चली आ रही राजनीतिक रंजिश का नतीजा है। सभागार में हुई यह हिंसा न सिर्फ कानून-व्यवस्था के लिए चुनौती बनी, बल्कि इसने बीजेपी के भीतर गुटबाजी को भी उजागर कर दिया। अब सबकी नजर पुलिस जांच और आगामी राजनीतिक घटनाक्रम पर टिकी हुई है।

समाचार दर्पण 24 का डिजिटल पोस्टर जिसमें नारा "जिद है दुनिया जीतने की" लिखा है और संस्थापक की तस्वीर दिखाई दे रही है।
समाचार दर्पण 24 – क्षेत्रीय, राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय खबरों का प्रमुख ऑनलाइन प्लेटफॉर्म।

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Scroll to Top