रात्रि चौपाल में जिला कलेक्टर ने सुनीं ग्रामीणों की समस्याएं ; मतदाता सूची में नई सर्च सुविधा ने बढ़ाई उम्मीदें

हिमांशु मोदी की रिपोर्ट
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रात्रि चौपाल एक बार फिर ग्रामीणों की समस्याओं के समाधान का महत्वपूर्ण माध्यम साबित हुई जब
जिला कलेक्टर उत्सव कौशल ने कुम्हेर पंचायत समिति की ग्राम पंचायत सोगर में आमजन की समस्याएं सुनीं।
डीग, 20 नवंबर को आयोजित इस रात्रि चौपाल में बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे और बिजली, पानी, सड़क,
राजस्व एवं सरकारी योजनाओं से जुड़ी शिकायतें जिला प्रशासन के सामने रखीं।

इस रात्रि चौपाल का मुख्य उद्देश्य ग्रामीणों को उनके गांव में ही समाधान उपलब्ध कराना था।
जिला कलेक्टर ने स्पष्ट कहा कि जनसुविधाओं से संबंधित किसी भी मामले में लापरवाही सहन नहीं की जाएगी और
सभी शिकायतों का समाधान निर्धारित समय सीमा के भीतर होगा।
प्रशासनिक पारदर्शिता एवं संवेदनशीलता इस कार्यक्रम की मुख्य विशेषता रही।

ग्रामीणों की समस्याएं और मौके पर निस्तारण

रात्रि चौपाल के दौरान ग्रामीणों ने जो प्रमुख समस्याएं रखीं, उनमें
सड़क मार्गों से अतिक्रमण हटाने, खरीफ फसल का मुआवजा,
चंबल पेयजल आपूर्ति बहाल करने, पीएम किसान सम्मान निधि में पेंडिंग आवेदन,
विद्युत कनेक्शन जारी करने तथा हैंडपंप मरम्मत जैसे मुद्दे प्रमुख रहे।

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जिला कलेक्टर उत्सव कौशल ने संबंधित विभागों के अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि
प्रत्येक शिकायत को गंभीरता से लेते हुए गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित करें।
उन्होंने कहा कि ग्रामीणों की वास्तविक समस्याओं का समाधान ही प्रशासन की प्राथमिकता है।

रात्रि चौपाल जैसे कार्यक्रम ग्रामीणों और प्रशासन के बीच विश्वास बढ़ाने का मजबूत माध्यम बन चुके हैं।
इससे न केवल सरकारी योजनाओं की जानकारी लोगों तक पहुँचती है, बल्कि मौके पर ही समाधान मिलने से
समय और ऊर्जा दोनों की बचत होती है।

मतदाता सूची में विवरण खोजने के लिए नई सर्च सुविधा शुरू

रात्रि चौपाल में जिला कलेक्टर ने ग्रामीणों को भारत निर्वाचन आयोग द्वारा शुरू की गई
विशेष गहन पुनरीक्षण (Special Summary Revision) प्रक्रिया की जानकारी भी दी।
उन्होंने बताया कि आयोग ने पोर्टल voters.eci.gov.in पर एक नई
मतदाता सूची सर्च सुविधा प्रारंभ की है, जिसके माध्यम से मतदाता
पिछली एसआईआर सूची में अपना विवरण आसानी से खोज सकते हैं।

इस नई सुविधा के माध्यम से अब केवल नाम और रिश्तेदार के नाम के आधार पर जानकारी खोजी जा सकेगी।
यह ऑनलाइन सिस्टम बूथ लेवल अधिकारियों और मतदाताओं दोनों के लिए अत्यंत उपयोगी सिद्ध होगा।
विशेषकर उन मतदाताओं के लिए यह सुविधा लाभकारी है जिनकी सूची में
मैपिंग समय से नहीं हो पा रही थी।

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सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि इस सुविधा के माध्यम से जिन मतदाताओं की
स्वतः मैपिंग पूरी हो जाएगी, उन्हें अब किसी प्रकार का दस्तावेज जमा करने की आवश्यकता नहीं होगी।
यह प्रक्रिया पूरी तरह डिजिटल और पारदर्शी है।

ऑनलाइन सुविधा से बढ़ेगा पारदर्शी मतदान

रात्रि चौपाल में जिला कलेक्टर ने सभी नागरिकों से अपील की कि वे इस
मतदाता सूची सर्च सुविधा का अधिक से अधिक उपयोग करें।
इसके माध्यम से न केवल मतदाता सूची त्रुटि-रहित होगी बल्कि
यथार्थ डेटा तैयार होने में भी सुविधा होगी।

मतदाता सूची की स्वचालित मैपिंग और दस्तावेज़-मुक्त सत्यापन
चुनाव प्रक्रिया में तकनीक के बढ़ते उपयोग का उत्कृष्ट उदाहरण है।
यह सुविधा ग्रामीणों को आधुनिक तकनीक से जोड़ रही है और
लोकतांत्रिक व्यवस्था को और मजबूत बना रही है।

रात्रि चौपाल क्यों महत्वपूर्ण है?

रात्रि चौपाल जैसे कार्यक्रम केवल संवाद का मंच नहीं हैं,
बल्कि प्रशासन की ज़मीनी हकीकत को समझने का आधार भी बनते हैं।
ग्रामीणों ने बताया कि इस पहल से उन्हें राहत मिली है क्योंकि
अब समस्याओं के समाधान के लिए उन्हें कार्यालयों के चक्कर नहीं लगाने पड़ते।

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जिला कलेक्टर उत्सव कौशल ने कहा कि यदि सभी नागरिक ऑनलाइन सुविधाओं का उपयोग करें,
तो कई प्रशासनिक प्रक्रियाएं अधिक सुगम और समयबद्ध हो जाएंगी।


FAQ – अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

रात्रि चौपाल क्या है?

रात्रि चौपाल ग्रामीण क्षेत्रों में आयोजित वह कार्यक्रम है, जिसमें प्रशासन जनता की समस्याएं सुनता और समाधान करता है।

मतदाता सूची खोजने की नई सुविधा क्या है?

voters.eci.gov.in पर उपलब्ध यह सुविधा नाम और रिश्तेदार के नाम से पिछली एसआईआर सूची में विवरण खोजने की सुविधा देती है।

क्या नई सुविधा में दस्तावेज जमा करने पड़ेंगे?

नहीं, स्वतः मैपिंग होने पर किसी प्रकार का दस्तावेज जमा नहीं करना होगा।

क्या यह सुविधा मोबाइल से भी उपयोग की जा सकती है?

हाँ, यह सुविधा मोबाइल फोन तथा लैपटॉप, दोनों से उपयोग की जा सकती है।

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