पश्चिमी विक्षोभ के असर से बदला उत्तर प्रदेश के मौसम का मिजाज

उत्तर प्रदेश में पश्चिमी विक्षोभ के असर से बारिश, मथुरा में ओलावृष्टि और कई जिलों में घना कोहरा, मौसम का बदला मिजाज।

अनुराग गुप्ता की रिपोर्ट
IMG_COM_202603020511552780
previous arrow
next arrow

उत्तर प्रदेश में सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से मौसम ने एक बार फिर करवट ले ली है। शुक्रवार सुबह प्रदेश के कई हिस्सों में हल्की बूंदाबांदी, ओलावृष्टि और घने कोहरे ने जनजीवन को प्रभावित किया। नोएडा, गाजियाबाद और बुलंदशहर में सुबह-सुबह हल्की बारिश दर्ज की गई, जबकि मथुरा में बूंदाबांदी के साथ ओले गिरने से सर्दी का असर और तेज हो गया। तराई और पश्चिमी अंचलों में धना कोहरे के कारण दृश्यता कई स्थानों पर शून्य तक पहुंच गई, जिससे सड़क और रेल यातायात प्रभावित रहा।

सुबह बूंदाबांदी, दिन में गुनगुनी धूप

हालांकि दिन चढ़ने के साथ ही प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में मौसम ने राहत का संकेत दिया। पूर्वानुमानों के मुताबिक, बादलों की आवाजाही के बीच गुनगुनी धूप खिली, जिससे लोगों को गलन से कुछ हद तक राहत महसूस हुई। कई जिलों में अधिकतम तापमान में हल्की बढ़ोतरी भी दर्ज की गई। मौसम के इस दोहरे मिजाज—सुबह सर्दी और दिन में हल्की गर्माहट—ने लोगों को ठंडे कपड़ों के साथ हल्के ऊनी वस्त्र अपनाने पर मजबूर कर दिया।

इसे भी पढें  मौसम विभाग का अलर्ट : Monsoon 2025 का असर बरकरार, अगले 5 दिन इन राज्यों में भारी बारिश की संभावना

कोहरे ने बढ़ाई मुश्किलें, दृश्यता शून्य

प्रयागराज, कानपुर, बरेली, आगरा, अलीगढ़, आजमगढ़ और गोरखपुर जैसे प्रमुख शहरों में घने कोहरे के कारण दृश्यता शून्य तक पहुंच गई। सुबह के समय हाईवे पर वाहनों की रफ्तार थमी रही और कई स्थानों पर दुर्घटनाओं की आशंका बनी रही। रेलवे और हवाई सेवाओं पर भी कोहरे का असर देखने को मिला। यात्रियों को सलाह दी गई कि वे अत्यंत आवश्यक होने पर ही यात्रा करें और सावधानी बरतें।

पछुआ के तेवर ढीले, गलन से राहत

आंचलिक मौसम विज्ञान केंद्र, लखनऊ के वरिष्ठ मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, अगले दो दिनों के दौरान पछुआ हवाओं के तेवर ढीले पड़ने के संकेत हैं। इसका सीधा असर यह होगा कि गलन भरी ठंड से आंशिक राहत मिलेगी। ठंडी हवाओं की तीव्रता कम होने से दिन और रात दोनों के तापमान में 2 से 4 डिग्री सेल्सियस तक की बढ़ोतरी संभव है। यह बदलाव खासकर बुजुर्गों, बच्चों और बीमार लोगों के लिए राहत भरा माना जा रहा है।

तापमान में बढ़ोतरी के संकेत

मौसम विभाग का कहना है कि पश्चिमी विक्षोभ के असर से प्रदेश के अधिकतम और न्यूनतम तापमान में धीरे-धीरे बढ़ोतरी होगी। जहां पिछले दिनों रात का तापमान सामान्य से नीचे चला गया था, वहीं अब इसमें सुधार के संकेत मिल रहे हैं। दिन के समय धूप निकलने से तापमान में हल्की बढ़त दर्ज की जा रही है, हालांकि सुबह और देर रात ठंड का असर अभी बना रहेगा।

इसे भी पढें  बरसन लागे बदरिया, रुम झूम के : जब बारिश ने रच दी तबाही की कहानी

12 जनवरी के बाद फिर बदलेगा मौसम

मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक, वर्तमान विक्षोभ का असर अस्थायी है। जैसे ही इसका प्रभाव समाप्त होगा, 12 जनवरी के बाद प्रदेश में एक बार फिर तापमान में गिरावट देखने को मिल सकती है। ठंडी पछुआ हवाएं दोबारा सक्रिय हो सकती हैं, जिससे रात की ठंड बढ़ेगी और सुबह के समय कोहरा फिर से घना हो सकता है। ऐसे में किसानों और आम लोगों को आने वाले दिनों के लिए सतर्क रहने की सलाह दी गई है।

किसानों के लिए मौसम का संदेश

मौसम में इस बदलाव का असर खेती-किसानी पर भी पड़ रहा है। हल्की बूंदाबांदी और ओलावृष्टि से जहां कुछ फसलों को नुकसान की आशंका है, वहीं गुनगुनी धूप से सरसों और गेहूं जैसी रबी फसलों को लाभ भी मिल सकता है। कृषि विशेषज्ञों का मानना है कि तापमान में संतुलन बना रहा तो फसलों की बढ़वार के लिए यह समय अनुकूल हो सकता है।

स्वास्थ्य पर असर और सावधानी

मौसम के इस उतार-चढ़ाव का असर स्वास्थ्य पर भी देखा जा रहा है। सर्दी, खांसी, जुकाम और वायरल संक्रमण के मामले बढ़ सकते हैं। डॉक्टरों की सलाह है कि लोग सुबह और रात के समय गर्म कपड़े पहनें, ठंडी हवाओं से बचें और बुजुर्गों व बच्चों का विशेष ध्यान रखें।

इसे भी पढें  उत्तर प्रदेश मौसम : बर्फीली हवाओं और घने कोहरे का कहर, अगले कुछ दिन भी चुनौतीपूर्ण

आने वाले दिनों का पूर्वानुमान

अगले 48 घंटों के दौरान प्रदेश के अधिकांश जिलों में मौसम शुष्क रहने की संभावना है। कोहरे की तीव्रता में कमी आएगी और धूप की मौजूदगी बनी रहेगी। हालांकि 12 जनवरी के बाद एक नया पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता, जिससे मौसम फिर से करवट ले सकता है।

पाठकों के सवाल – जवाब

क्या अगले दो दिनों में ठंड से राहत मिलेगी?

हां, मौसम विभाग के अनुसार अगले दो दिनों में तापमान में 2 से 4 डिग्री की बढ़ोतरी होगी, जिससे गलन से आंशिक राहत मिलेगी।

किन जिलों में कोहरा सबसे ज्यादा रहा?

प्रयागराज, कानपुर, बरेली, आगरा, अलीगढ़, आजमगढ़ और गोरखपुर में घना कोहरा रहा, जिससे दृश्यता शून्य तक पहुंच गई।

क्या 12 जनवरी के बाद फिर ठंड बढ़ेगी?

मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, 12 जनवरी के बाद तापमान में फिर गिरावट आ सकती है और ठंड बढ़ने के संकेत हैं।



जौनपुर में साली द्वारा जलाए जाने के बाद अस्पताल में भर्ती झुलसा हुआ युवक।
जौनपुर के सिपाही मोहल्ले में साली के हमले में झुलसा जीजा, जिला अस्पताल में चल रहा इलाज।

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Scroll to Top